Breaking News

5/recent/ticker-posts

DEMOCRACY: ग्राम पंचायत क्या है, ग्राम पंचायत का गठन कैसे होता है, सचिव का क्या काम है, ग्राम सभा की बैठक कैसे बुलाई जाती है


सरकार मूल रूप से तीन स्तर पर काम करती है - स्थानीय स्तर पर , राज्य स्तर पर और राष्ट्रीय स्तर पर। स्थानीय स्तर से मतलब है गाँव, शहर, मोहल्ले से है। राज्य स्तर से मतलब है जो पूरे राज्य का ध्यान रखे। जैसे बिहार या राजस्थान की सरकार पूरे राज्य में है। 


सबसे पहले हम समझेंगे स्थानीय स्तर पर सरकार कैसे काम करती है-
स्थानीय स्तर पर सरकार पंचायती राज से माध्यम से काम करती है। पंचायती राज संस्थान (Panchayati Raj Institution- PRI) भारत में ग्रामीण स्थानीय स्वशासन (Rural Local Self-government) की एक प्रणाली है।
स्थानीय स्वशासन का अर्थ है स्थानीय लोगों द्वारा निर्वाचित निकायों द्वारा स्थानीय मामलों का प्रबंधन।
ज़मीनी स्तर पर लोकतंत्र की स्थापना करने के लिये 73वें संविधान संशोधन अधिनियम, 1992 के माध्यम से पंचायती राज संस्थान को संवैधानिक स्थिति प्रदान की गई और उन्हें देश में ग्रामीण विकास का कार्य सौंपा गया।
अपने वर्तमान स्वरूप और संरचना में पंचायती राज संस्थान ने 28 वर्ष पूरे कर लिये हैं। लेकिन विकेंद्रीकरण को आगे बढ़ाने और ज़मीनी स्तर पर लोकतंत्र को मज़बूत करने के लिये अभी बहुत कुछ किया जाना शेष है।

ग्राम सभा एक पंचयात में रहने वाले सभी वयस्कों की सभा होती है। कोई भी व्यक्ति जिसकी उम्र 18 वर्ष या उससे अधिक हो, जिसका नाम मतदाता सूचि में हो , वह ग्राम सभा का सदस्य होता है। 


ग्राम पंचायत क्या है और ग्राम पंचायत का गठन कैसे होता है ? 
ग्राम पंचायत -73वें संविधान संशोधन के अनुसार त्रिस्तरीय पंचायती राज में प्रारम्भिक स्तर की संस्था ''ग्राम पंचायत'' सबसे महत्वपूर्ण संस्था है। ग्राम पंचायत ही निर्वाचित प्रतिनिधियों  की एक ऐसी संस्था है जिसे जनता के आमने-सामने हो कर जवाब देना पड़ता है तथा अधिकांश  कार्यकलापों के लिए निर्णय लेने हेतु पहले उनकी सहमति लेनी होती है।

गठन कैसे होती है - एक ग्राम पंचायत कई वार्डो (छोटे क्षेत्रों ) में बँटी हुई होती है। प्रत्येक वार्ड अपना एक जनप्रतिनिधि चुनता है जिसे वार्ड पंच के नाम से जाना जाता है। इसके साथ पंचायत क्षेत्र के लोग सरपंच को चुनते है जिसे ग्राम प्रधान,सरपंच अथवा मुखिया के नाम से जाना जाता है। वार्ड पंच और सरपंच मिलकर ग्राम पंचायत का गठन पांच साल के लिए करते हैं।  

बैठक कौन बुलाता?
ग्राम पंचायत का एक सचिव होता है जो ग्राम सभा का भी सचिव होता है। सचिव जनता द्वारा नहीं चुना जाता, वह सरकार द्वारा नियुक्त होता है। 

सचिव का क्या काम है?
सचिव का काम यह है की वह ग्राम पंचायत एवं ग्राम सभा की बैठक बुलाए। तथा बैठक में की गई चर्चा एवं निर्णय का रिकॉर्ड रखना। 

ग्राम सभा की बैठक कैसे बुलाई जाती है ?
ग्राम सभा की बैठक की सुचना आमतौर पर डुगडुगी बजाकर और ग्राम पंचायत कार्यालय में सूचना चिपकाकर एवं अन्य आधुनिक प्रचार संशाधनों से दी जाती है।   

अगले भाग में हम ग्राम सभा को विस्तार पढ़ेंगे।  

Post a Comment

0 Comments